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शुक्रवार, 17 जुलाई 2020

बिहार:-12 जिलों को किया सतर्क, नक्सली हमले की आशंका पर रेलवे में अलर्ट GS NEWS

प्रतिबंधित नक्सली संगठन कम्युनिस्ट पार्टी माओवादी की ओर से हमले की आशंका को देखते हुए रेल पुलिस को अलर्ट किया गया है। मुजफ्फरपुर रेल जिले के तहत आने वाले सभी 12 जिलों को सर्तक रहने को कहा गया है। मुजफ्फरपुर रेल जिला के एसपी अशोक कुमार सिंह ने सभी डीएसपी, पुलिस निरीक्षक और थानाध्यक्ष को निर्देश देते हुए कहा है कि नक्सली संगठन अपने नेता चारू मजूमदार की शहादत पर 14-28 जुलाई तक शहीद सप्ताह मना रहा है। इस दौरान आशंका है कि रेलवे संस्थाओं, स्टेशनों, पुल-पुलिया, रेलवे ट्रैक, रेल गाड़ियों, स्कार्ट पार्टियों एवं शस्त्रागार को नक्सली संगठन निशाना बनाया जा सकता है।

अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वह अपने-अपने क्षेत्रों में पड़ने वाले रेलवे स्टेशनों, प्लेटफार्म, ट्रेन व पुल-पुलिया की सुरक्षा के लिए आश्वयक कार्रवाई करें, ताकि अप्रिय घटना को हर हाल में रोका जा सके।
बिहार से कोलकाता तक है अलर्ट
रेलवे ने चारू मजमुदार के शहादत सप्ताह के दौरान बिहार से कोलकाता तक अलर्ट जारी कर दिया है। आरपीएफ और जीआरपी के आलाधिकारी हर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं। रेलवे कारखानों, ट्रैक, स्टेशनों व चलती ट्रेन पर विशेष निगरानी की जा रही है।

अभी अभी बिहार में कोरोना का महाविस्फोट एक साथ 1742 नए मामले राज्य में आंकड़ा पहुंचा 23300 GS NEWS



बिहार में कोरोना का रफ्तार काफी तेजी से बढ़ा है थमने का नाम ही नहीं ले रहा है देखते ही देखते पूरा जिला इसकी चपेट में आ चुका है  पूरे बिहार में कोरोना की रफ्तार में वृद्धि देखी जा रही है स्वास्थ्य विभाग की ओर से ताजा अपडेट जारी की गई है. इस अपडेट के मुताबिक बिहार में 1742 लोग कोरोना पॉजिटव मिले हैं. इसके साथ ही राज्य में कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर 23300हो गई है.


स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी ताजा अपडेट के मुताबिक 1742 लोग कोरोना पॉजिटव मिले हैं. इसके साथ ही राज्य में कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर 23300 हो गई है. विभाग ने बताया कि राज्य के कई जिलों से ये नए मामले सामने आये हैं.

राज्य में 14101 मरीज हुए स्वस्थ
बिहार स्वास्थ्य विभाग की ओर से जो नियमित अपडेट जारी किया गया है उसके मुताबिक राज्य में अबतक 14101 संक्रमित मरीज अबतक स्वस्थ होकर अपने अपने घर लौट चुके हैं. राज्य में ठीक होने वाले मरीजों का औसत 65.41% हो गया है. पिछले 24 घंटे में राज्य में 568 कोरोना संक्रमित मरीज स्वस्थ हुए. फिलहाल डॉक्टरों और स्वस्थ्य कर्मियों ने उन्हें होम क्वारंटीइन में रहने का निर्देश दिया है.

राजनाथ का सख्त संदेश, दुनिया की कोई ताकत नहीं छीन सकती एक भी इंच जमीन GS NEWS

चीन और पाकिस्तान के साथ सीमा पर तनाव के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह लद्दाख और जम्मू-कश्मीर की दो दिवसीय यात्रा पर हैं। आज वह पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल विपिन रावत, सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे के साथ लेह पहुंचे। इसके बाद वह लद्दाख गए। लद्दाख में रक्षा मंत्री ने सेना के जवानों के साथ बात की।
भारतीय जवानों को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि सीमा विवाद को सुलझाने के लिए बातचीत जारी है, लेकिन इसका कहां तक हल निकल सकता है इसकी मैं गारंटी नहीं दे सकता। लेकिन मैं आपको इतना जरूर आश्वस्त कर सकता हूं कि दुनिया की कोई भी ताकत हमारी एक इंच भी जमीन हमसे नहीं ले सकती है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि  बातचीत से विवाद को सुलझा लिया जाता है तो इससे बेहतर कुछ नहीं हो सकता है।
राजनाथ सिंह ने लद्दाख में जवानों को कहा, 'हाल ही में PP14 पर भारत और चीन के सैनिकों के बीच झड़प के दौरान हमारे कुछ जवान शहीद हो गए। मैं यहां आप सभी से मिलकर खुश हूं, लेकिन उनकी शहादत से दुखी भी हूं। मैं उन्हें अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लुकांग में बिपिन रावत और सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे के साथ भारतीय सेना और आईटीबीपी के जवानों के साथ बातचीत की। यहां उन्होंने जवानों को मिठाईयां भी खिलाई।

आज संयुक्त राष्ट्र को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित करेंगे पीएम मोदी GS NEWS


आज  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संयुक्त राष्ट्र (यूएन) को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए संबोधित करेंगे। संयुक्त राष्ट्र की 75वीं सालगिरह की पूर्व संध्‍या पर न्‍यूयॉर्क में आयोजित एक कार्यक्रम में पीएम मोदी का यह संबोधन होगा। बता दें कि हाल ही में सुरक्षा परिषद का अस्थायी सदस्य बनने के बाद पीएम मोदी का यह पहला संबोधन होगा। 

प्रधानमंत्री का ये संबोधन संयुक्त राष्ट्र आर्थिक एवं सामाजिक परिषद (UNSC) के सत्र के एक वार्षिक उच्चस्तरीय सेगमेंट में शामिल होगा। मोदी यहां नॉर्वे के प्रधानमंत्री और संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के साथ समापन सत्र में बोलेंगे।  इससे पहले पीएम मोदी ने बीते साल सितंबर में संयुक्‍त राष्‍ट्र महासभा को संबोधित किया था। प्रधानमंत्री ने तब अंतरराष्ट्रीय समुदाय से आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होने की अपील की थी।

बिहार को लेकर मशहूर क्रिकेटर सुरेश रैना ने जताई चिंता, मुश्किल दौर में साथ देने की कही बात GS NEWS


भारतीय क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर खिलाड़ी सुरेश रैना ने बिहार में बाढ़ की हालात को लेकर ट्वीट किया है. जिसमें उन्होंने बिहार की वर्तमान स्थिति को लेकर चिंता जताई है. रैना ने बिहारवासियों को मजबूती से इसका सामना करने की कामना की है.

सुरैश रैना ने जाहिर की बिहार को लेकर चिंता
अपने ट्वीट में सुरैश रैना ने लिखा कि बिहार कोरोना संक्रमण के इस वैश्विक संकट के साथ ही बाढ़ के भीषण प्रकोप को भी झेल रहा है. रैना आगे लिखते हैं कि इस आपदा के समय में बिहार के कई लोगों को अपने जान से हाथ धोना पड़ा है.वहीं कई मकान बाढ़ में कटकर बह गए. इस संकट के दौर में बिहारवासियों को समर्थन और दुआ देने की अपील करते हुए रैना ने इस आपदा के दौर में मजबूत बने रहने की बात कही है.
कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 21 हजार के पार,प्रदेश में फिर से लॉकडाउन लागू
बता दें कि एक तरफ जहां कोरोना संक्रमण के मामले बिहार में तेजी से बढ़ रहे हैं.कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 21 हजार के पार जा चुका है.संक्रमण के खतरे को बढ़ता देख प्रदेश में फिर से लॉकडाउन लागू किया गया है. वहीं दूसरी तरफ बिहार में बाढ़ का प्रकोप भी चिंता का कारण बन चुका है. गंगा, कोसी,बागमती समेत तमाम नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ता जा रहा है. कई जगहों का संपर्क जिला मुख्यालय से भंग हो चुका है. वहीं बारिश व वज्रपात ने कई लोगों की जान भी ले ली है.

भारत और चीन के तनाव के बीच लेह पहुंचे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा मंत्री ने चलाई मशीन गन GS NEWS

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सुरक्षा हालात का जायजा लेने के लिए शुक्रवार को एक दिवसीय दौर पर लेह पहुंचे रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह दो दिवसीय लद्दाख और जम्मू-कश्मीर दौरे पर हैं। उनके साथ चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत और सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवाना के साथ लेह पहुंचे है और लुकुंग भी जाएंगे.

 रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी में स्टाकना लेह में पैरा ड्रापिंग अभ्यास किया। तीनों वास्तविक नियंत्रण रेखा और नियंत्रण रेखा पर स्थिति का जायजा लेंगे। आपको बता दें कि इससे पहले इस महीने की शुरुआत में भारत-चीन सीमा विवाद के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लेह का दौरा किया था और सैनिकों का हौसला बढ़ाया था। 

आपको बता दें कि इससे पहले तीन जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लद्दाख का औचक दौरा किया था. उन्होंने सैनिकों को संबोधित किया था और संकेत दिए थे कि भारत-चीन सीमा विवाद के संबंध में भारत का रुख सख्त रहेगा. सिंह को भी तीन जुलाई को ही दौरे पर जाना था लेकिन किन्हीं कारणों से उनका जाना नहीं हो पाया.
पूर्वी लद्दाख में पांच मई से भारत और चीन के सैनिकों के बीच गतिरोध चल रहा है. गलवान घाटी में दोनों ओर के सैनिकों के बीच हुई झड़प में भारत के 20 सैन्यकर्मियों की मौत के बाद यह तनाव बहुत अधिक बढ़ गया. हालांकि कई दौर की राजनयिक एवं सैन्य बातचीत के बाद छह जुलाई से दोनों ओर के सैनिक पीछे हटना शुरू हुए.

पीका मशीन गन की जांच : यहां राजनाथ सिंह ने सेना के अधिकारियों के साथ लंबी बातचीत की. इसके अलावा कार्यक्रम में शामिल हुए सैन्यकर्मी भी रक्षामंत्री से बात करते नजर आये. इसी बीच वे सेना की पीका मशीन गन की जांच करते दिखे और अधिकारियों से इसके बारे में जानकारी भी ली.

पैरा ड्रापिंग अभ्यास : भारतीय सशस्त्र बलों के सैनिकों ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत और सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवाणे की मौजूदगी में स्टाकना (लेह) में पैरा ड्रापिंग अभ्यास किया. इनकी मौजूदगी में भारतीय सेना के जवानों ने भी अभ्यास किया जिसकी तस्वीरें सामने आईं हैं. अभ्यास के दौरान रक्षा मंत्री तालियां बजाते नजर आये.

भागलपुर जिले के कई बड़े अधिकारी DM, DDC, ADM के बाद अब कमिश्नर भी कोरोना पॉजिटिव GS NEWS


बिहार में कोरोना संक्रमण थमने का नाम नहीं ले रहा  प्रत्येक जिला चपेट में आ गए, बिहार के भागलपुर में कोरोना संक्रमण तेजी से फैलता जा रहा है। जिले के कई बड़े अधिकारी इसकी चपेट में आ चुके हैं। डीएम, डीडीसी और एडीएम के बाद अब कमिश्नर भी कोरोना पॉजिटिव हो गईं हैं। रिपोर्ट आने के बाद से वह होम क्वारंटाइम हैं। बताया जा रहा है कि वह इलाज के लिए पटना जा सकती हैं।  

भागलपुर के जिलाधिकारी प्रणव कुमार के कोरोना पॉजिटिव होने के बाद और कई अधिकारियों की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई थी। जिलाधिकारी ने संक्रमित होने क बाद अपना प्रभार एडीएम राजेश राजा को दिया। वे भी कोरोना से संक्रमित हो गए। इसके बाद डीडीसी और जिला शिक्षा पदाधिकारी भी कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। इस कारण यहां बड़ी चेन बन गई है। जिलाधिकारी का इलाज पटना में हो रहा है।

बिहार में तेजी से फैल रहा है संक्रमण : 

बिहार के स्वास्थ्य मंत्री के आप्त सचिव सहित उनके सेल के छः कर्मी कोरोना संक्रमित पाए गए। उनके साथ काम करने वालों में डाटा इंट्री ऑपरेटर, कम्प्यूटर ऑपरेटर इत्यादि संक्रमित हुए हैं।  इसके अलावा राज्य के 35 जिलों में 1385 नए कोरोना संक्रमित की पहचान गुरुवार को हुई थी। वहीं, 10 संक्रमित मरीजों की इलाज के दौरान मौत हो गयी। इसके साथ ही कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर 21 हजार 558 हो गयी। जबकि अबतक राज्य में 14 हजार 101 संक्रमित मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। संक्रमितों के स्वस्थ होने की दर राज्य में 65.41 फीसदी हो गयी।

गुरुवार, 16 जुलाई 2020

बिहार के 15 रेलवे स्टेशनों पर लगेंगे 300 कोविड केयर रेल कोच देखें कौन-कौन से हैं वह स्टेशन GS NEWS


कोविड-19 के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए रेल मंत्रालय के तरफ से राज्य सरकार के सहयोग से रेलवे कोचों को आइसोलेशन सेंटर के रूप में प्रयोग किए जाने के लिए पूरे देश में चयनित स्टेशनों पर खड़ा किया जा रहा है. इस क्रम में बिहार राज्य के 15 स्टेशनों पर प्रति स्टेशन 20-20 की संख्या में कुल 300 आइसोलेशन कोच खड़ा करने का निर्णय लिया गया है, जिससे संदिग्ध, पीड़ित मरीजों का समुचित इलाज किया जा सके.
निर्णय के अनुसार कोविड केयर कोच बिहार राज्य के पटना, सोनपुर, नरकटियागंज, जयनगर, रक्सौल, बरौनी, मुजफ्फरपुर, सहरसा, सीवान, समस्तीपुर, दरभंगा, सीतामढ़ी, छपरा, कटिहार और भागलपुर स्टेशनों पर लगाए जाएंगे. प्रत्येक स्टेशनों पर खड़े इन कोविड केयर कोच में सामान्य श्रेणी के 20 कोच हैं. प्रत्येक कोच में 16 मरीज रखे जा सकते हैं. प्रत्येक 05 कोच के बाद 01 वातानुकूलित कोच होगा और उसके आगे फिर 5 कोच होंगे.
 वातानुकूलित कोच चिकित्सक, नर्सिंग स्टाफ और अन्य कर्मियों के उपयोग के लिए होंगे. कोविड केयर कोच में ऑक्सीजन सिलेंडर की व्यवस्था रेल मंत्रालय के तरफ से की गई है. साथ ही इसमें पर्याप्त संख्या में पंखा, पानी, शौचालय की व्यवस्था की गई है.
रेलवे और राज्य सरकार की होगी भूमिकारेल प्रशासन और राज्य सरकार मिलकर कोविड केयर कोच के लिए निर्धारित प्रोटोकॉल सुनिश्चित करेंगे. आइसोलेशन के लिए तैयार किए गए इन कोचों को प्रयोग के लिए सौंपे जाने के समय इसके कीटाणुशोधन और साफ-सफाई का कार्य रेलवे के तरफ से किया गया जाएगा, जबकि प्रयोग के दौरान और इसके पश्चात् कीटाणुशोधन एवं साफ-सफाई की जिम्मेवारी राज्य सरकार की होगी. इस तरह मेडिकल स्टाफ कोकिट और अन्य चिकित्सा सामग्री राज्य सरकार के तरफ से उपलब्ध कराया जाना है, जबकि कोच के रख-रखाव के लिए तैनात स्टाफ को ये सुविधा रेलवे प्रदान करेगी. मरीजों के लिए दवा, चिकित्सा सामग्री, ऑक्सीजन सिलेंडर और इससे जुड़ी अन्य सामग्री, खान-पान, शुद्ध पेयजल, आवश्यकता पड़ने पर पानी का टैंकर, बॉयो टॉयलेट, कचरों का संग्रहन और इसका निपटारा आदि राज्य सरकार द्वारा सुनिश्चित किया जाएगा.

269 कोचों को आइसोलेशन कोच तैयारवहीं, कोचों में लिनन की व्यवस्था, पानी भरने, विद्युत आपूर्ति, बुनियादी ढांचे का रख-रखाव, संचार और सुरक्षा की जिम्मेवारी रेल प्रशासन की होगी. रेलवे और राज्य सरकार के मध्य समन्वय स्थापित करने के लिए संबंधित जिला के सिविल सर्जन नोडल पदाधिकारी की भूमिका निभाएंगे. नोडल पदाधिकारी अपने-अपने जिलान्तर्गत चिन्ह्ति रेलवे स्टेशन का निरीक्षण करेंगे. बता दें कि कोरोना महामारी की गंभीरता को देखते हुए भारत सरकार के स्वास्थ्य देखभाल प्रयासों में अतिरिक्त योगदान देने के उद्देश्य से भारतीय रेल के तरफ से पूर्व में ही चिकित्सा उपकरणों से सुसज्जित पर्याप्त संख्या में आइसोलेशन कोच तैयार किए जा चुके हैं, जिसे अब राज्य सरकार की मांग पर स्टेशनों पर खड़ा किया जा रहा है. बता दें कि पूर्व मध्य रेल द्वारा 269 कोचों को आइसोलेशन कोच के रूप में परिवर्तित किया जा चुका है.

स्वास्थ्य विभाग की बढ़ी उलझन:- RMRI संस्था में बंद हुई कोरोना सैंपल जांच, वैज्ञानिक और टेक्नीशियन हुए संक्रमित GS NEWS


हर दिन दो हजार से ज्यादा कोरोना सैंपल की जांच करने वाली संस्था आरएमआरआई गुरुवार की देर रात से बन्द हो गई है. इसकी जानकारी संस्थान के निदेश प्रदीप दास ने दी. एक वैज्ञानिक और आठ टेक्नीशियन कोरोना संक्रमित होने के बाद संस्थान में हड़कंप मच गया है.
संस्थान के निदेशक डॉ प्रदीप दास ने 19 जुलाई तक कोरोना सैंपल जांच बन्द करने का आदेश दे दिया है. हालांकि संस्थान को पूरी तरह से सैनिटाइज करने के बाद सोमवार से जांच दोबारा शुरू हो जाएगी

17 से 19 जुलाई तक बन्द रहेगी संस्था
निदेशक प्रदीप दास ने बताया कि एक वैज्ञानिक समेत दो शिफ्ट में काम करने वाले चार-चार टेक्नीशियन के संक्रमित हो जाने के कारण लैब बन्द करने का निर्णय लिया गया है. उन्होंने बताया कि लैब में अब तक जितने भी कोरोना के सैम्पल थे, उनकी जांच गुरूवार रात तक पूरी कर ली गई है. अब यह सेवा 17 जुलाई से 19 जुलाई तक बन्द रहेगी.
स्वास्थ्य विभाग की बढ़ी उलझन
बता दें कि संस्था में रोजाना 2 हजार से भी अधिक कोरोना सैंपल जांच होती थी. लेकिन अब आरएमआरआई में फिलहाल जांच नहीं होने से कोरोना मरीजों के इलाज में देरी हो सकती है. संस्थान को पूरी तरह से सैनिटाइज करने के बाद ही दोबारा सोमवार से जांच शुरू होगी. तब तक के लिए कोरोना मरीजों के सैंपल जांच में देरी होना एक बड़ी समस्या है. इसे लेकर स्वास्थ्य विभाग की उलझनें और बढ़ गई हैं

बिहार: डॉक्टर साहब ठेले पर बैठकर कोविड केयर सेंटर जा रहे, लालू यादव ने वीडियो शेयर करते हुए लिखी ये बातें GS NEWS


एक खबर बिहार के सुपौल जिले से आ रही है जहां एक ऐसा दृश्य देखने को मिला जिसे देखकर कहीं से भी यह नहीं कहा जा सकती है कि राज्य में कोरोना वायरस से जंग लड़ने में सरकार गंभीर है। निर्मली नगर पंचायत के वार्ड-12 स्थित पब्लिक रेस्ट हॉउस में बने कोविड केयर सेंटर में  ड्यूटी पर कार्यरत डॉ अमरेंद्र कुमार ठेले पर बैठकर कोविड केयर सेंटर के परिसर में जा रहे थे। 
राजद प्रमुख लालू प्रसाद ने इस वीडियो को ट्वीट कर नीतीश सरकार पर हमला बोलतें हुए लालू यादव ने कहा:- 

15 वर्षों का सुशासन कथित विकास के प्रचार के बोझ तले इतना दब गया है कि कर्तव्यपरायण डॉक्टर साहब को ठेले में लद कर कोविड केयर सेंटर जाना पड़ता है। सुशासनी कोविड केयर को खुद केयर की सख़्त ज़रूरत है। विज्ञापन का हज़ारों करोड़ मूलभूत सुविधाओं में लगाते तो यह नहीं देखना पड़ता ना??

सुपौल जिले में पिछले कुछ दिनों से हो रही बारिश के कारण कोविड केयर सेंटर परिसर में घुटने भर जलजमाव की स्थिति हो चुकी है जबकि यहां डॉक्टर व नर्स को भी मुख्य सड़क से अंदर कमरे में जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जब डॉ अमरेंद्र कुमार से पूछा गया तो उन्होंने बताया कि विगत दो-तीन दिनों से परिसर में घुटने भर से अधिक पानी है। ऐसी स्थिति में किस प्रकार अंदर जाएं। 

उन्होंने बताया कि नर्स को भी अंदर जाने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में हम लोग ठेले पर ही परिसर में जमा पानी को पार कर अंदर जाते हैं। उन्होंने बताया कि कोविड केयर सेंटर में फिलहाल दो मरीज हैं। कोरोना जैसी वैश्विक महामारी के बीच कोविड केयर सेंटर की ऐसी दुर्दशा कहीं से भी अनुकूल नहीं दिखाई दिया और आलाधिकारियों को इस मसले पर गंभीरता के साथ निर्णय लेने की जरूरत है।

बिहार :- मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी एच आर श्रीनिवास ने जिलों से मांगी, सहायक निर्वाचन अधिकारियों की सूची GS NEWS

बिहार विधानसभा चुनाव नजदीक है. इसके मद्देनजर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी एच आर श्रीनिवास ने राज्य के सभी जिलों से सहायक निर्वाचन की सूची मांगी है. विभाग ने जिलों से वर्तमान में नामित सहायक निवासी पदाधिकारियों के अलावा सहायक निर्वाचन अधिकारियों के पद नाम सहित नए प्रस्ताव मांगे हैं.

नियुक्त होंगे सहायक निवासी पदाधिकारी
गौरतलब है कि एक विधानसभा क्षेत्र में 3 से 4 सहायक निर्वाचन अधिकारी होते हैं. अभी 1 विधानसभा क्षेत्र में 3 से 4 सहायक निर्वाचन अधिकारी अधिसूचित हैं, राज्य में कुल 243 विधानसभा क्षेत्र हैं. ऐसे में लगभग 1000 सहायक निवासी पदाधिकारी नियुक्त होंगे.

मांगा गया प्रस्ताव
निर्वाचन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार राज्य में कोविड-19 के संक्रमण को देखते हुए आयोग ने 60 साल से अधिक आयु के मतदाताओं और दिव्यांग जनों को पोस्टल बैलट के उपयोग करने की सुविधा प्रदान की है. ऐसे में जिलों में निर्वाचित पदाधिकारियों की सहायता को लेकर पहले से आयोग से नामित या अधिसूचित सहायक निर्वाचन अधिकारियों के अलावा अन्य सहायक पदाधिकारियों की जरूरत होगी. जिसे देखते हुए सभी जिलों से अतिरिक्त सहायक निर्वाचन पदाधिकारियों का प्रस्ताव मांगा गया है.

विभाग को सूचित करने का निर्देश
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी बिहार ने जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह जिलाधिकारी को जल्द इस पर कार्रवाई करके विभाग को सूचित करने का निर्देश दिया है. पोस्टल बैलट के अधिक प्रयोग के मद्देनजर सहायक निर्वाचन पदाधिकारियों की संख्या बढ़ाई जाना तय माना जा रहा है.

चुनाव टालने की मांग 
बता दें कि बिहार में सितंबर-अक्टूबर में विधानसभा चुनाव संभावित हैं. हालांकि कोरोना संक्रमण को मुद्दा बनाकर विपक्ष चुनाव टालने की लगातार मांग करता रहा है. बिहार में आम जनता, नेता, मंत्री और वीआईपी सभी तेजी से कोरोना की चपेट में आ रहे हैं.