कुल पाठक

शनिवार, 25 जुलाई 2020

मोतिहारी: डुमरियाघाट में बन रहे निर्माणाधीन पुल का एप्रोच पथ ध्वस्त, आवागमन बाधित GS NEWS

पूर्वी चंपारण जिला में नदियों का तांडव जारी है. अन्य नदियों के साथ गंडक नदी भी जिलों में खूब तबाही मचाई है. गंडक ने पहले चंपारण तटबंध को ध्वस्त किया. उसके बाद डुमरिया घाट पर बन रहे निर्माणाधीन पुल के पहुंच पथ को ध्वस्त कर दिया. साथ ही मुख्य पुल के एप्रोच रोड को मोतिहारी के तरफ से खंगालना शुरू कर दिया है. जिस कारण एनएच-28 पर आवागमन पर पूरी तरह से रोक दिया गया है. हालांकि, एनएचएआई के अधिकारी कटाव स्थल के मरम्मती में लगे हुए हैं.
डुमरियाघाट पुल पर पहुंचे एनएचएआई के अधिकारी
एनएच-28 पर गंडक नदी पर बने डुमरियाघाट पुल के समीप अधिकारियों की टीम नदी के जलस्तर का मुआयना के लिए पहुंची थी. उसी दौरान निर्माणाधीन पुल का एप्रोच पथ भरभरा कर नदी में समा गया. 
उसके बाद नदी ने मुख्य पुल के एप्रोच रोड को खंगालना शुरू कर दिया. जिसके बाद आनन-फानन में सिमेंट की बोरियों में गिट्टी, बालू, मिट्टी भरकर फेंकवाया जाने लगा. तब जाकर मुख्य पुल के एप्रोच पथ का कटाव को कुछ हद तक रोका जा सका. लेकिन निर्माणाधीन पुल के एप्रोच रोड के कटाव स्थल को रिस्टोर करने के लिए अधिकारियों की टीम पहुंची है. लेकिन कहना मुश्किल है कि कब तक कटावस्थल की मरम्मती हो सकेगी. मजदूर लगे हुए हैं और मरम्मती का काम जारी है. आम लोगों को कटाव स्थल के पास जाने से रोका जा रहा है.

एनएच 28 पर आवागमन हुआ ठप
बता दें कि गोहाटी-दिल्ली एनएच 28 के डुमरियाघाट के पास गंडक नदी पर बने मुख्य पुल के सामानांतर एक अन्य पुल का निर्माण किया जा रहा है. नदी में बाढ़ आ जाने के कारण पुल का निर्माण कार्य रोक दिया गया था. गंडक के बढ़े जलस्तर ने निर्माणाधीन पुल के अप्रोच को ध्वस्त करने के बाद मुख्य पुल के एप्रोच पथ को भी खंगालना शुरू कर दिया है. लिहाजा जिला प्रशासन ने एनएच-28 पर अनिश्चित काल के लिए आवागमन को बंद कर दिया है.

शुक्रवार, 24 जुलाई 2020

नेपाल पुलिस ने सीमा क्षेत्र में फिर की फायरिंग, महिलाओं और बच्चे को बनाया बंधक GS NEWS

भारत और नेपाल के बीच सीमा पर तनाव बढ़ा हुआ है
बिहार और नेपाल के सीमा पर हाल ही के दिनों में कई घटनाएं हो चुकी है !बीते कुछ महीनों से भारत व नेपाल के बीच सीमा पर तनाव बढ़ा हुआ है। बिहार में नेपाल सीमा पर हाल के दिानों में तनाव की कई घटनाएं हो चुकी हैं। ताजा मामला पूर्वी चंपारण के घोड़ासहन थाना क्षेत्र में खरसलवा के पास का है, जहां नेपाल पुलिस ने एक महिला और उसके बच्चे को बंधक बना का पीटा, फिर विवाद बढ़ा तो हवाई फायरिंग कर दहशत फैला दी। इसके बाद सीमा पर तनाव बढ़ गया।
घास काटने गई महिला व बच्‍चे को बंधक बनाकर पीटा

घटना पूर्वी चंपारण के घोड़ासहन थाना क्षेत्र में खरसलवा के पास हुई। वहां भारत-नेपाल सीमा के पास एक स्‍थानीय महिला पशु चारा के लिए घास काटने गई थी। नेपाल पुलिस ने उसे रोका। जब महिला ने भारतीय क्षेत्र में होने का हवाला दिया तो नेपाल पुलिस ने उसे व साथ में रहे उसके बच्‍चे को पकड़ लिया। इसके बाद नेपाल पुलिस ने महिला से मारपीट की।
सीमा पर जुट गए दोनों देशों के लोग, हवाई फायरिंग

घटना की जानकारी होने पर वहां भारतीय क्षेत्र के ग्रामीण जुट गए। इस मामले में ग्रामीणों व नेपाल पुलिस के बीच विवाद हो गया। शोर सुनकर नेपाली नागरिक भी जुटने लगे। इसके बाद नेपाल पुलिस ने हवाई फायरिंग कर कर दी।
एसएसबी ने महिला व बच्‍चे को छुड़ाया, तनाव बढ़ा

सूचना मिलने पर झरोखर पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के स्थानीय बीओपी के पदाधिकारी भी पहुंचे। इसके बाद महिला व उसके बच्‍चे को मुक्त कराया गया। घटना से सीमा पर तनाव बढ़ गया।

घटना के बाद सीमा पर निगरानी कडी

घटना के बाद सीमा पर निगरानी कड़ी कर दी गई है। इस बाबत पूर्वी चंपारण के एसपी नवीनचंद्र झा ने बताया कि महिला व बच्चे को मुक्त करा लिया गया है। उन्‍होंने नेपाल पुलिस की फायरिंग को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। तनाव को देखते हुए सिकरहना डीएसपी शिवेंद्र कुमार अनुभवी को वहां भेजा गया है। रिपोर्ट मिलने पर आगे की कार्रवाई होगी।
दोनों देशों के बीच पहले भी हो चुकीं कई घटनाएं

विदित हो कि नेपाल पुलिस सीमा क्षेत्र में भारतीय नागरिकों को बंधक बनाने व फायरिंग की कई घटनाएं हो चुकी हैं। हाल ही में किशनगंज सीमा पर नेपाल पुलिस की फायरिंग में एक किसान जख्मी हो गया था। नेपाली नागरिकों ने भी बिहार के पश्चिम चंपारण जिला अंतर्गत भिखनाठोड़ी में सीता गुफा के पास भारतीय जमीन पर नया दावा ठोका तथा नेपाल के मंत्रियों व वहां के पुलिस-प्रशासन की मौजूदगी में सीमा पिलर को उखाड़ दिया।
नेपाल ने बाढ़ के मौसम में तटबंध तोड़ देने तक की धमकी दी। दोनों देशों की सीमा पर हाल के दिनों में और भी कई घटनाएं हो चुकी हैं। पूर्वी चंपारण में महिला को बंधक बनाया जाना इसी की कड़ी है।

बिहार:-हाईकोर्ट ने प्राइमरी-सेकेंडरी शिक्षकों की बहाली पर रोक, अब सुनवाई 19 अगस्त को GS NEWS

हाईकोर्ट ने बिहार में प्राइमरी व सेकंडरी शिक्षकों की बहाली (नियोजन) पर फिलहाल रोक लगाते हुए राज्य सरकार से जवाब तलब किया है। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति संजय करोल और न्यायमूर्ति एस. कुमार की खंडपीठ ने नेशनल फेडरेशन ऑफ ब्लाइंड की जनहित याचिका पर आदेश दिया। 
आवेदक के वकील सुरेंद्र कुमार सिंह के मुताबिक दिव्यांग कोटि में नेत्रहीनों के लिए 1% आरक्षण है। सरकार ने 34580 शिक्षकों की बहाली में 345 की बजाए 98 उम्मीदवारों को आरक्षण दिया। पिछली बहाली में बची 247 सीटों को बैकलॉग वेकैंसी के रूप में जोड़ना था। लेकिन विज्ञापन में इस बात का जिक्र नहीं है।
19 अगस्त को महाधिवक्ता करेंगे बहस

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से कोर्ट को बताया कि इस मामले में महाधिवक्ता खुद बहस करेंगे। महाधिवक्ता के उपस्थित नहीं रहने के कारण सुनवाई टालने का अनुरोध कोर्ट से किया गया। हाईकोर्ट ने बहाली पर फिलहाल रोक लगा दी और सुनवाई की अगली तारीख 19 अगस्त मुकर्रर की है।

बिहार में बाढ़ राहत के लिए आज से उतरेंगे एयरफोर्स के हेलीकॉप्टर,10 जिलों में मचा हाहाकार GS NEWS

बिहार में कोरोना वायरस का कहर तो है ही इसके साथ ही बिहार बाढ़ की मार भी झेल रहा है बिहार में बाढ़ की स्थिति गंभीर होती जा रही है. गंडक नदी में पानी के रिकॉर्ड डिस्चार्ज के कारण गुरुवार की आधी रात गोपालगंज व पूर्वी चंपारण जिले में उसका मुख्य तटबंध तीन जगह टूट गया. इससे बड़े इलाके में पानी फैल गया है. इसके कारण इस्ट-वेस्ट कॉरिडोर (एनएच 28) पर परिचालन बाधित हो गया है. वहीं, हायाघाट के पुराने रेल पुल के गार्डर पर बागमती का पानी चढ़ने से दरभंगा-समस्तीपुर रेलमार्ग बंद हो गया है. 
आपदा प्रबंधन विभाग ने बताया कि 10 जिलों की 435 पंचायतों में करीब आठ लाख की आबादी बाढ़ से पीड़ित हुई है. राज्य सरकार ने वायुसेना से हेलीकाॅप्टर की मांग की है. शनिवार की सुबह तक हेलीकाॅप्टर पटना पहुंच जायेंगे. इसके तुरंत बाद बाढ़ग्रस्त इलाकों में राहत पैकेट गिराये जायेंगे.

हेलीकॉप्टर से गिराये जायेंगे फूड पैकेट

दरअसल बिहार के 10 जिलों में बाढ कहर ढ़ा रहा है. अब तक तकरीबन दस लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. बाढ़ प्रभावित इलाकों में कई ऐसे जगह हैं जहां ज्यादा पानी होने के कारण बाढ़ राहत सामग्री पहुंचाने में परेशानी हो रही है. लिहाजा राज्य सरकार ने केंद्र सरकार से संपर्क साधा है. केंद्र सरकार ने तत्काल मदद का भरोसा दिलाया है. उम्मीद है कि वायु सेना के हेलीकॉप्टर शनिवार को पटना पहुंच जायेंगे. 

सारण मुख्य तटबंध और तीन जगहों पर रिंग बांध टूटा, 72 से अधिक गांव बाढ़ की चपेट में
गोपालगंज में मांझा प्रखंड के पुरैना और बरौली के देवापुर में सारण मुख्य तटबंध और तीन जगहों पर रिंग बांध टूटा है, जबकि जादोपुर में गाइड बांध टूट गया है. इससे मांझा, सिधवलिया, बरौली व बैकुंठपुर प्रखंडों के 72 से अधिक गांव बाढ़ की चपेट में आ गये हैं. सीवान व सारण के कई प्रखंडों के भी प्रभावित होने की आशंका है.
गंडक नदी का चंपारण तटबंध टूटा
वहीं, पूर्वी चंपारण जिले के संग्रामपुर के भवानीपुर निहालु टोला के पास गुरुवार की रात करीब एक बजे गंडक नदी का चंपारण तटबंध टूट गया. इससे आधी रात को ही गंडक नदी का पानी केसरिया, कोटवा व संग्रामपुर की दर्जनों पंचायतों में बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया है. पानी का बहाव इतना तेज है कि दिल्ली-काठमांडु राजमार्ग 28 स्थित डुमरियाघाट के निर्माणाधीन पुल के पास कटाव शुरू है. इस कारण उस मार्ग पर आवागमन रोक दिया गया है. प्रशासनिक अधिकारी एनडीआरएफ की टीमों के साथ पहुंचकर बचाव कार्य में जुट गये. एनडीआरएफ की टीमों ने रात दो बजे से रेसक्यू शुरू कर दिया है. पानी से घिरे लोगों को घर से निकाल ऊंचे स्थानों पर पहुंचाया.
चलाये जा रहे 28 राहत कैंप
आपदा प्रबंधन विभाग ने बताया कि राज्य में 10 जिलों के 435 पंचायतों में करीब आठ लाख की आबादी बाढ़ से पीड़ित हुई है. विभाग के अपर सचिव रामचंद्रू डू ने बताया कि बाढ़पीड़ितों के बीच 28 राहत कैंप चलाये जा रहे हैं. 192 जगहों पर सामुदायिक रसोई चलायी जा रही हैं, जिनमें 81 हजार से अधिक लोगों को भोजन कराया जा रहा है. सर्वाधिक सामुदायिक रसोई दरभंगा में 122 स्थापित शुरू की गयी हैं. गोपालगंज में 14,पूर्वी चंपारण में 27,सीतामढ़ी में तीन,शिवहर में तीन, मुजफ्फरपुर में 15 और खगड़िया में एक सामुदायिक रसोई चल रही है.

पटना: एम्स के नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल खत्म, काम पर लौटे कर्मी GS NEWS

एम्स के नर्सिंग स्टाफ की हड़ताल समाप्त हो गई है. सरकार की तरफ से अपनी मांगों को माने जाने के बाद नर्सिंग स्टाफ अपने-अपने काम पर लौट आए हैं.
एम्स प्रशासन को हो रही थी दिक्कत
दरअसल, इस कोरोना काल में नर्सिंग स्टाफों की हड़ताल के कारण पटना एम्स में इलाज की प्रक्रिया धीमी हो गई थी और मरीजों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था. 
इसे देखते हुए एम्स प्रशासन ने उनकी मांगों को स्वीकार कर लिया है. साथ ही उसे जल्द पूरा करने का आश्वासन दिया है. जिसके बाद सभी स्टाफ अपने काम पर लौट आए हैं.

नर्सिंग स्टाफों के काम पर लौटने के बाद पटना एम्स प्रशासन ने भी राहत की सांस ली है. यहां आए मरीजों के इलाज में दिक्कतें नहीं आ रही है. वहीं, अपनी मांगों को माने जाने के बाद नर्सिंग स्टाफ भी खुश हैं.
ये थी मांग
बता दें कि नर्सिंग स्टाफ वेतन वृद्धि और कोरोना होने पर एम्स में इलाज की मांग को लेकर हड़ताल पर थे.

बिहार में कोरोना से हुई एक और डॉक्टर की मौत, CM नीतीश ने जताया शोक GS NEWS



बिहार में कोरोना संक्रमण से डॉक्टरों की लगातार मौत हो रही है. गुरुवार की रात भी रिटायर्ड डॉक्टर अवधेश प्रसाद सिंह का निधन हो गया. राज्य में अब तक 5 डॉक्टरों की मौत हो चुकी है.
डॉ. अवधेश प्रसाद सिंह भी कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे. वे पिछले तीन दिनों से बीमार थे. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने डॉक्टर अवधेश प्रसाद सिंह के निधन पर गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है.
डॉक्टर के बेटे से CM ने की बात
अपने शोक संदेश में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि डॉक्टर अवधेश प्रसाद सिंह के निधन के समाचार से दुखी हूं. डॉक्टर अवधेश प्रसाद सिंह के बेटे डॉक्टर सुधीर कुमार सिंह से फोन पर सीएम नीतीश ने बातचीत कर पूरे परिवार को सांत्वना दी.
चिकित्सा के क्षेत्र में अपूरणीय क्षति
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि वे एक प्रख्यात चिकित्सक थे, उनके निधन से चिकित्सा के क्षेत्र में अपूरणीय क्षति हुई है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और उनके परिजनों को दुख की इस घड़ी में धैर्य धारण करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की.

केंद्रीय अधिकारियों के साथ मुख्य सचिव की होगी बैठक, बिहार के हालात पर होगी चर्चा GS NEWS


बिहार में कोरोना महामारी पूरी तरह से अनियंत्रित हो गई है और संक्रमितों का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है. केंद्रीय सरकार भी अब बिहार की स्थिति को देखकर चिंतित नजर आ रही है. महामारी को देखते हुए शुक्रवार को भारत सरकार के अधिकारी बिहार के हालात की समीक्षा करेंगे.
बैठक में मौजूद रहेंगे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारी
प्रदेश में कोरोना महामारी के हालात का जायजा लेने के लिए भारत सरकार के अधिकारी मुख्य सचिव दीपक कुमार के साथ वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिए समीक्षा बैठक करेंगे. इस दौरान मुख्य सचिव दीपक कुमार केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों को बिहार की स्तिथि की जानकारी देंगे. इस मीटिंग में पिछले दिनों बिहार दौरे पर आए आये अधिकारी और विशेषज्ञ मौजूद रहेंगे. जानकारी के मुताबिक एक दूसरी मीटिंग शाम 5 बजे होगी. जिसमें भारत सरकार के कैबिनेट सचिव राजीव ग्ववा वीडियो कांफ्रेंसिंग से बिहार के हालात का जायजा लेंगे. इस बैठक में भी मुख्य सचिव दीपक कुमार के साथ कई अन्य अधकारी बिहार की स्थिति की जानकारी देंगे.
केंद्रीय टीम ने बिहार आकर की थी समीक्षा
बता दें कि बिहार में बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए पिछले दिनों ही केंद्रीय स्वासथ्य सचिव लव अग्रवाल के नेतृत्व में एक केंद्रीय टीम बिहार पहुंची थी. जिसने बिहार के कई कोविड अस्पतालों और कंटेन्मेंट जोन का दौरा किया था. इस दौरान टीम ने कोरोना संक्रमण के बचाव के लिए किए जा रहे कार्यों की समीक्षा भी की थी.
केंद्रीय टीम ने बिहार में कोरोना संक्रमण की जांच को बढ़ाने और अस्पतालों की संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया था. जिसके बाद बिहार का स्वास्थ्य महकमा हरकत में आया है और दिए गए निर्देशों का पालन किया गया.
बिहार के हालात पर वीडियो कांफ्रेंसिंग से होगी चर्चा 
बिहार पहुंची केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की 3 सदस्यीय टीम ने गया शहर के अस्पतालों और कंटेनमेंट जोन जीबी रोड का भी जायजा लिया था. इसके बाद सेंट्रल टीम ने पटना के स्वास्थ्य अधिकारियों और स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे के साथ बैठक की थी. इस बैठक में डीएम, सिविल सर्जन, एसएसपी सहित कई विभाग के अधिकारी मौजूद थे.
इस दौरान टीम ने कोरोना के इलाज के लिए जितनी भी जरूरत होगी मदद देने की बात कही थी. शुक्रवार को केंद्रीय सरकार के अधिकारी दोबारा बिहार के हालात पर वीडियो कांफ्रेंसिंग से चर्चा करेंगे.

अभी अभी बिहार में कोरोना का महाविस्फोट एक साथ मिले 1820 नए मरीज, राज्य में आंकड़ा पहुंचा 33511 GS NEWS

बिहार में वैश्विक महामारी कोरोना का प्रकोप इतनी तेजी से बढ़ रहा है  कि पूरा बिहार इसकी चपेट में आ चुका है  आपको बता दें कि प्रत्येक दिन की तुलना में आज सबसे ज्यादा कोरोना के मरीज मिले हैं  जानलेवा वायरस की रफ्तार काफी तेजी से बिहार में बढ़ते जा रही है स्वास्थ्य विभाग की ओर से ताजा अपडेट जारी की गई है. इस अपडेट के मुताबिक बिहार में 1820 लोग कोरोना पॉजिटव मिले हैं. इसके साथ ही राज्य में कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़कर 33511 हो गई है.

स्वास्थ्य विभाग ने जारी लिस्ट के अनुसार हर रोज की तरह पटना में कोरोना का कोहराम जारी है. आज फिर 661 के मरीज मिले हैं.  यहां पर लॉकडाउन लगाने का कोई असर नहीं पढ़ा है.तेजी के संक्रमण बढ़ता जा रहा है. 
सारण में भी कोरोना का कोहराम जारी है. आज फिर 121 कोरोना के मरीज मिले हैं. बेगूसराय में 78 कोरोना के मरीज मिले हैं. मुजफ्फरपुर में 99 कोरोना के मरीज मिले हैं.
23 जुलाई को अब तक 737 नए मामले सामने आए 


सिस्टम में 22 जुलाई और उससे पहले के 1083 मामले सामने आए हैं

गुरुवार, 23 जुलाई 2020

महागठबंधन का पेज सुलझता नहीं दिख रहा, मांझी ने कही RJD पर ये बड़ी बात GS NEWS

बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर महागठबंधन का पेच सुलझता नहीं दिख रहा. वीआइपी के अध्यक्ष मुकेश सहनी ने दिल्ली में कांग्रेस नेता अहमद पटेल से मुलाकात की. मुकेश सहनी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री शरद यादव से भी मुलाकात की है. दूसरी ओर, पटना में हम के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने वीडियो संदेश जारी कर कहा कि राजद को सदबुद्धि मिले, ताकि महागठबंधन में टूट नहीं हो.
अपने पार्टी के कार्यकर्ताओं व नेताओं के साथ वर्चुअल मीटिंग के बाद जारी वीडियो में मांझी ने कहा कि उनको खुद भी अच्छा नहीं लगता कि महागठबंधन में सब कुछ ठीक करने के लिए बार-बार समय दिया जाये, लेकिन हमारी कोशिश है कि महागठबंधन में टूट नहीं हो, इसलिए हमलोग ऐसा कर रहे हैं. हमारी कोशिश है कि भाजपा की नीतियों का विरोध करने वाले सभी लोग एक साथ रहें.
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जीतन राम मांझी ने  दावा किया कि महागठबंधन में समन्वय समिति की मांग पर राहुल गांधी से उन्हें आश्वासन मिला है और यही कारण है कि उन्होंने राजद द्वारा उनकी मांग अस्वीकार किए जाने के बावजूद वह कोई कदम नहीं उठा रहे हैं. 
पटना में को पत्रकारों से बातचीत करते हुए मांझी ने कहा, "मैं जानता हूं कि बहुत से लोग सोच रहे होंगे कि जीतन राम मांझी किस तरह का आदमी है, वह समन्वय समिति गठित करने के लिए समय सीमा तय करता रहता है , लेकिन अपने अल्टीमेटम पर ध्यान नहीं दिए जाने के बावजूद वह महागठबंधन में बने रहने की अपनी तारीख आगे बढ़ाए जा रहा है.
उन्होंने कहा कि हमारा प्रयास है कि महागठबंधन ना टूटे इसलिए हम इस अपमान को सहने को तैयार हैं बशर्ते, अगर दिन का भूला शाम को घर लौट आए. '' उन्होंने कहा, “मेरी अब राजद से कोई बात नहीं हो रही है. मैं कांग्रेस से बात कर रहा हूं। मैंने राहुल गांधी से बात की है और उन्होंने मुझसे कुछ समय मांगा कहा है। मैं समझता हूं कि राजद को सदबुद्धि आ जाए तो यह राज्य के हित में होगा."